17/11/2025
हरियाणा पीडब्ल्यूडी गवर्नमेंट कॉन्ट्रैक्टर एसोसिएशन ने सरकार की नीतियों पर उठाए गंभीर सवाल
चेयरमैन अशोक जैन बोले : ठेकेदारों को डराया-धमकाया जा रहा, यह स्थिति स्वीकार नहीं
कैथल (कृष्ण प्रजापति): हरियाणा पीडब्ल्यूडी गवर्मेंट कॉन्ट्रैक्टर एसोसिएशन की प्रदेश स्तरीय अहम बैठक कैथल में आयोजित हुई जिसमें ठेकेदारों की समस्याओं को लेकर गहरी नाराजगी जताई गई। बैठक में चेयरमैन अशोक जैन, प्रदेश अध्यक्ष जयभगवान जाखड़, मनोज चहल कोटड़ा, सचिव राजकुमार मलिक, विनोद मित्तल खरलिया, किरणपाल बालू, बलबीर मोहना, कपूर अहलावत झज्जर, गुरदेव नैन अमरगढ़ समेत कई पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में चेयरमैन अशोक जैन ने साफ शब्दों में कहा कि प्रदेश में ठेकेदारों को डराया और धमकाया जा रहा है, जिससे एक भय का वातावरण बन गया है। उन्होंने कहा कि पैच वर्क के नाम पर ठेकेदारों की परफॉर्मेंस बैंक गारंटी कैश करने का फरमान गलत है और एसोसिएशन इसका पुरजोर विरोध करेगी।
पोर्टल की आड़ में ठेकेदारों से दुर्व्यवहार : एसोसिएशन का आरोप
एसोसिएशन पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल द्वारा शुरू किए गए इंजीनियरिंग वर्क्स पोर्टल का मौजूदा सरकार द्वारा गलत उपयोग किया जा रहा है। पदाधिकारियों ने कहा कि म्हारी सड़क ऐप में ऐसा प्रावधान किया गया है कि पैच न लगाने पर ठेकेदार की पीबीजी सीधे कैश कर दी जाएगी। यह न तो न्यायोचित है, न ही कानून के अनुरूप है। ठेकेदारों ने सवाल उठाया कि जब 5 परसेंट बजट में से 2.5 प्रतिशत पैसा सरकार के पास रहता है, तो पैच न होने पर इस पैसे का उपयोग क्यों नहीं किया जाता ? एसोसिएशन ने आरोप लगाया कि यह सीधे-सीधे ठेकेदारों को वित्तीय झटका देने की योजना बनाई जा रही है।
फील्ड अधिकारियों पर भी समान कार्रवाई की मांग
एसोसिएशन पदाधिकारियों ने स्पष्ट कहा कि यदि किसी सड़क में कमी मिलती है तो सिर्फ ठेकेदार पर कार्रवाई गलत है। उन्होंने मांग करते हुए कहा कि जिस अधिकारी के अधिकार क्षेत्र में सड़क आती है, उसकी भी जिम्मेदारी तय होनी चाहिए। उसकी इन्क्रीमेंट, वेतन रोकने तक के प्रावधान हों।
मेंटेनेंस का पैसा नहीं मिलता, फिर भी ठेकेदार देंगे 10–15 दिनों में चकाचक सड़कें
ठेकेदारों ने कहा कि भले ही मेंटेनेंस के लिए कोई अलग बजट नहीं मिलता, लेकिन फिर भी वे सरकार को भरोसा दिलाते हैं कि अगले 10–15 दिनों में सभी सड़कें चकाचक की जाएंगी। उन्होंने कहा कि वे टकराव नहीं चाहते बल्कि बीच का रास्ता चाहते हैं, लेकिन अनावश्यक रूप से ऐसे कानून थोपे गए तो मजबूरन विरोध करना पड़ेगा।
सरकार से तत्काल समीक्षा बैठक की मांग
एसोसिएशन पदाधिकारियों ने कहा कि विभाग के ठेकेदार मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, विभागीय मंत्री रणबीर सिंह गंगवा और उच्च अधिकारियों के साथ बैठक करना चाहते हैं ताकि सभी मुद्दों पर मंथन हो सके। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि ठेकेदारों को प्रताड़ित किया गया तो एसोसिएशन इसे सहन नहीं करेगी।
लंबित माँगों को जल्द पूरा करने की गुहार
एसोसिएशन ने कहा कि ठेकेदारों की 8–10 प्रमुख मांगें काफी समय से लंबित हैं, जिन्हें तुरंत पूरा किया जाए ताकि टकराव की स्थिति न बने।
एसोसिएशन ने स्पष्ट संदेश दिया कि हम सरकार के अभिन्न अंग हैं और गुणवत्तापूर्ण कार्य करने के लिए प्रतिबद्ध हैं, लेकिन ठेकेदारों को परेशान नहीं किया जाए। पीबीजी को न छेड़ा जाए और न ही ऐसे प्रावधान लागू किए जाएं जो विरोध की स्थिति पैदा करें।